पटना 23 जुलाई 2026
पीएम श्री योजना के वर्ष 2026-27 के स्वीकृत बजट में की गई कटौती पर बिहार का पक्ष रखते हुए शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने केंद्र सरकार से पूर्व निर्धारित बजट को बहाल करने का अनुरोध किया है। गुरुवार को नई दिल्ली के पूसा स्थित आईसीएआर सभागार में आयोजित प्रगति समीक्षा बैठक के अंतिम दिन माननीय शिक्षा मंत्री ने विद्यालयी शिक्षा से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों को केंद्र के समक्ष रखा।

उन्होंने कहा कि बिहार बाढ़ प्रभावित राज्य है। इससे हर वर्ष बड़ी संख्या में विद्यालयों की आधारभूत संरचना क्षतिग्रस्त होती है। उन्होंने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में विद्यालयों के पुनर्निर्माण के लिए केंद्र से विशेष पैकेज देने का अनुरोध किया। साथ ही पीएम श्री विद्यालयों में आईसीटी लैब की स्थापना के लिए प्रति यूनिट स्वीकृत राशि बढ़ाने, 4,602 नई आईसीटी लैब के लिए राशि स्वीकृत करने तथा एसएनए स्पर्श व्यवस्था पूरी तरह लागू होने तक वर्तमान एसएनए खाते के माध्यम से योजनाओं के संचालन की अनुमति देने का आग्रह किया।
इसके अलावा श्री तिवारी ने समग्र शिक्षा और पीएम श्री योजना से जुड़े तीन महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर शीघ्र स्वीकृति की मांग की। इनमें 3,898 विद्यालयों में स्थापित आईसीटी लैब की 40.64 करोड़ की लंबित राशि का भुगतान, भूमि विवाद एवं स्थानाभाव से प्रभावित 1,275 विद्यालयों के स्थान परिवर्तन की मंजूरी तथा पीएम श्री योजना के अंतर्गत स्मार्ट बोर्ड, अतिरिक्त कक्षाओं, शौचालयों की मरम्मत और बैंड यूनिफॉर्म जैसी गतिविधियों के लिए 21.96 करोड़ की अतिरिक्त स्वीकृति शामिल है। इन तीनों प्रस्तावों के तहत केंद्र से कुल 62.60 करोड़ की मंजूरी का अनुरोध किया गया है।
शिक्षा मंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि इन प्रस्तावों की स्वीकृति से राज्य में विद्यालयी अधोसंरचना और मजबूत होगी तथा विद्यार्थियों को बेहतर और आधुनिक शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
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