नई दिल्ली, 01 नवंबर 2026
भारत की राष्ट्रपति,द्रौपदी मुर्मु आज, 1 नवंबर 2026 को हरियाणा के कुरुक्षेत्र में हरियाणा राज्य के गठन के 60वें वर्ष के उपलक्ष्य में आयोजित ‘हीरक जयंती’ समारोह में शामिल हुईं।

अपने संबोधन में राष्ट्रपति ने भारत की प्रगति-यात्रा के अनेक आयामों में सार्थक योगदान देने के लिए हरियाणा वासियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि भगवान कृष्ण के निष्काम कर्मयोग का अमर संदेश सारे विश्व में फैलाने वाली इस धरती ने आधुनिक युग में भी मानवीय पराक्रम के अनेक कीर्तिमान स्थापित किए हैं। हरियाणा के लोगों ने स्वतंत्रता संग्राम से लेकर सामाजिक परिवर्तन, लोकतंत्र, साहित्य और विज्ञान के क्षेत्रों में सार्थक योगदान किया है।

राष्ट्रपति ने इस बात पर खुशी जताई कि पिछले लगभग एक दशक में हरियाणा ने महिला सशक्तीकरण के अनेक आयामों में विशेष प्रगति की है। उन्होंने कहा कि जनवरी 2015 में पानीपत से शुरू किया गया ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ राष्ट्रीय अभियान महिला सशक्तीकरण की दिशा में बहुत महत्वपूर्ण पहल सिद्ध हुई है। वे यह जानकर प्रसन्न हुईं कि वर्ष 2014 की तुलना में वर्ष 2025 में जन्म के समय लिंगानुपात में वृद्धि हुई है। उन्होंने विश्वास जताया कि राज्य और केन्द्र सरकारों के समन्वित प्रयासों से यह अनुपात समानता का स्तर प्राप्त कर लेगा। राष्ट्रपति ने इस बात पर भी पूर्ण विश्वास व्यक्त किया कि राज्य में महिला स्वास्थ्य और बालिका शिक्षा जैसे क्षेत्रों में भी लगातार हो रहे सुधार की गति बढ़ेगी।

राष्ट्रपति ने कहा कि भारतीय खेलों के इतिहास में, हरियाणा के खिलाड़ियों ने प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में असाधारण उपलब्धियां प्राप्त की हैं। उन्होंने हरियाणा की बेटियों की सराहना की, जिन्होंने खेलों में अपनी विलक्षण उपलब्धियों से देश को गौरवान्वित किया है।

राष्ट्रपति ने कहा कि हरियाणा समावेशी विकास की अपनी यात्रा में नई सीढ़ियां चढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि हरियाणा की धरती ने विश्व को गीता का संदेश दिया है। उन्होंने कामना की कि भगवान कृष्ण का संदेश हरियाणा के विकास में योगदान देने वाले प्रत्येक व्यक्ति और संस्था को शक्ति और सूझबूझ प्रदान करे।
![]()
