पटना, 01 सितंबर 2026
शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने मंगलवार को बैंक प्रतिनिधियों के साथ आयोजित बैठक में शिक्षा के क्षेत्र में बैंकों की भागीदारी बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बैंक राज्य के विद्यालयों को गोद लेकर उनके विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। बैंकों के सहयोग से विद्यालयों को सशक्त, आधुनिक और गौरवशाली बनाया जा सकता है।

विकास भवन स्थित सभागार में हुई बैठक में शिक्षा मंत्री ने कहा कि बैंक अपने सीएसआर फंड का अधिक से अधिक उपयोग शिक्षा के क्षेत्र में करें। सामाजिक जिम्मेदारी के तहत इस राशि से विद्यालयों में आधारभूत सुविधाओं का विकास किया जा सकता है। उन्होंने बैंक प्रतिनिधियों से अपील की कि वे विद्यालयों में कंप्यूटर, शौचालय सहित अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने में सहयोग करें।

श्री तिवारी ने कहा कि राज्य में 5,000 नए विद्यालय खोले जाने हैं। साथ ही हर प्रमंडल में समेकित विद्यालय विकसित किए जाने की योजना है। एक समेकित विद्यालय पर लगभग 30 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। उन्होंने कहा कि यदि बैंक शिक्षा के विकास को अपना संकल्प बना लें तो बिहार की शिक्षा व्यवस्था को नई ऊंचाई देने में कोई बाधा नहीं आएगी।
‘मेरा विद्यालय-मेरा स्वाभिमान’ पोर्टल से जुड़ सकेंगे पूर्ववर्ती छात्र और एनआरआई
शिक्षा मंत्री ने कहा कि विद्यालयों के विकास में समाज की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए ‘मेरा विद्यालय-मेरा स्वाभिमान’ पोर्टल विकसित किया गया है। इस पोर्टल के माध्यम से विद्यालय के पूर्ववर्ती छात्र, एनआरआई और अन्य इच्छुक लोग अपने विद्यालय से जुड़ सकेंगे। उन्होंने कहा कि इस पोर्टल के माध्यम से लोग विद्यालय के विकास के लिए सुझाव दे सकते हैं और आर्थिक अथवा अन्य प्रकार का योगदान कर सकते हैं। डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए कंप्यूटर दान करने, शौचालय निर्माण कराने और विद्यालय की अन्य आवश्यकताओं को पूरा करने में भी सहयोग किया जा सकता है।

राज्य शिक्षा समिति का होगा गठन
माननीय शिक्षा मंत्री ने बताया कि शिक्षा विभाग जल्द ही राज्य शिक्षा समिति का गठन करेगा। इसका उद्देश्य शिक्षा के क्षेत्र में विभिन्न संस्थाओं और समाज की भागीदारी को और अधिक प्रभावी बनाना होगा। बैठक में बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के अध्यक्ष त्यागराजन एस. एम. ने ‘मेरा विद्यालय-मेरा स्वाभिमान’ पोर्टल के संबंध में प्रस्तुतीकरण के माध्यम से विस्तृत जानकारी दी।
बैठक में विशेष सचिव धर्मेन्द्र कुमार, निदेशक प्रशासन यतेन्द्र कुमार पाल, निदेशक प्राथमिक शिक्षा कुमार निशांत विवेक, निदेशक माध्यमिक शिक्षा नितिन कुमार सिंह सहित शिक्षा विभाग के सभी वरीय पदाधिकारी एवं विभिन्न बैंकों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
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